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मीराबाई के दोहे हिंदी अर्थ समेत – Meerabai ke Dohe or Pad with Meaning - Tridev

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  मीराबाई के दोहे हिंदी अर्थ समेत – Meerabai ke Dohe or Pad with Meaning Meerabai ke Dohe or Pad with Meaning in Hindi मीराबाई जिन्हें भगवान श्री कृष्ण की दीवानी के रूप में जाना जाता है। मीराबाई न सिर्फ एक मशहूर संत थी बल्कि कृष्ण भक्ति शाखा की मुख्य कवयित्री और भगवान श्री कृष्ण की अनन्य प्रेमिका थीं। आपको बता दें कि मीराबाई दुनिया के सबसे बड़े प्रेम स्वरूप श्री कृष्ण की सबसे बड़ी साधक थी। श्री कृष्ण से अत्याधिक प्रेम करने वाली मीरा को पूरा संसार कृष्णमय लगता था। उन्हें हर तरफ श्री कृष्ण ही दिखते थे अर्थात उनका रोम रोम कृष्ण-मय था। मीराबाई को श्री कृष्ण के अलावा और कुछ भी अच्छा नहीं लगता था। उनका मन सिर्फ और सिर्फ संत-समागम, संगीत, भगवत चर्चा, कृष्ण लीला में ही लगता था। श्री कृष्ण की साधक मीराबाई को संसारिक मोह-माया से कोई लगाव नहीं था अर्थात वे हमेशा सांसारिक सुखों से दूर रहती थी। कृष्ण-दीवानी मीराबाई श्री कृष्ण के सुंदर स्वरूपों का वर्णन करते हुए कई सुंदर कविताओं की रचना भी की है। संत मीराबाई की श्री कृष्ण के प्रति उनका प्रेम और भक्ति, उनके द्वारा रचित कविताओं के पदों और छंदों मे...

रामधारी सिंह ‘दिनकर’ का जीवन परिचय – Ramdhari Singh Dinkar Biography in Hindi

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  रामधारी सिंह "दिनकर" रामधारी सिंह ‘दिनकर’ –  दिनकर जी आधुनिक युग के एक ऐसे उदीयमान साहित्यकार है जिन्होंने वाल्यावस्था से वृध्दावस्था तक हिंदी – साहित्य की अनवरत सेवा की है |  हिंदी  साहित्य में कविवर दिनकर जी एक क्रन्तिकारी और युग – प्रवर्तन कवि के रूप में सुविख्यात है कविता – कामिनी के प्रेम क्षेत्र में  ‘दिनकर जी’  राष्ट्र प्रेम लेकर उपस्थित होते है जिसमे हमें उनके विद्रोही कवि के रूप का दर्शन होता है | कवि क्रान्ति का सजग – सशक्त दूत है इसलिए वाणी में विद्रोह का आगमन स्वाभाविक है  | कवि की क्रान्तिकारी लेखनी से कोई भी अछूता नहीं रहा | भारतीय जनमानस में जागरण की विचारधारा को प्रखर बनाने का पुनीत कार्य  रामधारी सिंह ”दिनकर”  जी ने किया  | उनकी कविताओ में ओज है , तेज है और अग्नि जैसा तीव्र ताप है | दिनकर  जी जनसाधारण के प्रति समर्पित रहे है और राष्ट्रीय जागरण के प्रणेता होने के कारण उन्हें  “राष्ट्रिय हिंदी – कविता का वैतालिक”  भी कहा जाता है | रामधारी सिंह ”दिनकर” के जीवन परिचय (Ramdhari Singh Dinkar Biography in Hindi...